अधिकारियों के आदेश भी बेअसर न्याय के लिए भटक रहा पीड़ित

नवाबगंज पुलिस पर आरोपियों को बचाने का आरोप, प्रेसवार्ता में छलका दर्द प्रयागराज नवाबगंज थाना क्षेत्र के मोहम्मदपुर गांव निवासी हरिनंदन अपने बेटे को न्याय दिलाने के लिए भटक रहा है लेकिन पुलिस सुन नही रही।
रविवार को इलेक्ट्रॉनिक मीडिया क्लब के नारद सभागार में प्रेसवार्ता कर स्थानीय पुलिस पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि उनके बेटे पर हुए जानलेवा हमले के मामले में पुलिस न केवल आरोपियों को बचा रही है, बल्कि अपने वरिष्ठ अधिकारियों के आदेशों का भी पालन नहीं कर रही है। डीजीपी, पुलिस कमिश्नर, अपर पुलिस आयुक्त समेत कई अधिकारियों से गुहार लगाने के बाद भी उन्हें न्याय नहीं मिल सका है।

हरिनंदन ने बताया कि 21 मार्च 2026 को उनके बेटे, पत्नी और बेटी पर हमला किया गया। गंभीर रूप से घायल बेटे को ग्रामीणों की मदद से अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उसकी हालत नाजुक होने के कारण 11 दिन तक आईसीयू में भर्ती रहना पड़ा। उनका आरोप है कि घटना के बाद कई दिनों तक थाने के चक्कर लगाने के बाद 26 मार्च को एफआईआर दर्ज की गई।

पीड़ित का कहना है कि मेडिकल रिपोर्ट में गंभीर चोटों का उल्लेख होने के बावजूद पुलिस ने मुकदमे में उचित धाराएं नहीं लगाईं। आरोपियों की गिरफ्तारी भी अब तक नहीं की गई है, जबकि वे खुलेआम घूम रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि राजनीतिक दबाव के चलते स्थानीय पुलिस आरोपियों को बचाने का प्रयास कर रही है और समझौते का दबाव भी बनाया गया।

हरिनंदन ने बताया कि उन्होंने 15 अप्रैल को अपर पुलिस आयुक्त डॉ. अजय पाल शर्मा से शिकायत की थी। उनके अनुसार अपर पुलिस आयुक्त ने मेडिकल रिपोर्ट देखने के बाद संबंधित धाराएं बढ़ाने और पीड़ित पक्ष को धमकाने वालों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए थे, लेकिन थाना स्तर पर आदेशों का पालन नहीं हुआ।

उन्होंने आरोप लगाया कि जब वह दोबारा नवाबगंज थाने पहुंचे तो उनकी तहरीर तक नहीं ली गई और उन्हें वापस भेज दिया गया। इसके बाद उन्होंने पुलिस कमिश्नर, डीजीपी और मुख्यमंत्री तक शिकायत भेजी, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। उनका कहना है कि स्थानीय पुलिस अपने ही अधिकारियों के निर्देशों को नजरअंदाज कर रही है।

हरिनंदन ने कहा कि हत्या के प्रयास जैसे गंभीर मुकदमे में भी यदि आरोपी गिरफ्तार नहीं हो रहे हैं तो उनके परिवार की सुरक्षा पर बड़ा सवाल खड़ा होता है। उन्होंने मांग की कि वरिष्ठ अधिकारियों के आदेशों का तत्काल पालन कराते हुए आरोपियों को गिरफ्तार किया जाए और पीड़ित परिवार को सुरक्षा उपलब्ध कराई जाए।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!